पदोन्नति की बाट जोह रहे दुर्ग संभाग के राजस्व सहायक ग्रेड-2 के कर्मचारी
तीन साल से अटकी पदोन्नति की प्रक्रिया, 15–20 साल से एक ही पद पर सेवाएं दे रहे कर्मचारी

पदोन्नति की बाट जोह रहे दुर्ग संभाग के राजस्व सहायक ग्रेड-2 के कर्मचारी
तीन साल से अटकी पदोन्नति की प्रक्रिया, 15–20 साल से एक ही पद पर सेवाएं दे रहे कर्मचारी
दुर्ग संभाग। दुर्ग संभाग के अंतर्गत आने वाले दुर्ग, बालोद, राजनांदगांव, बेमेतरा, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई एवं कबीरधाम जिलों में राजस्व विभाग के सहायक ग्रेड-2 कर्मचारियों की पदोन्नति का इंतजार लगातार लंबा होता जा रहा है। बताया जा रहा है कि सहायक ग्रेड-2 से सहायक अधीक्षक पद पर पदोन्नति की कार्यवाही पिछले करीब तीन वर्षों से लंबित है।
राजस्व विभाग में लंबे समय से अपनी सेवाएं दे रहे कर्मचारियों के बीच पदोन्नति नहीं होने को लेकर निराशा देखी जा रही है। कई कर्मचारी ऐसे हैं, जो 15 से 20 वर्षों से सहायक ग्रेड-2 के पद पर ही कार्यरत हैं। लंबे सेवाकाल के बावजूद पदोन्नति का अवसर नहीं मिलने के कारण अनेक कर्मचारी इसी पद से सेवानिवृत्त हो जाते हैं।
रिक्त पदों के बावजूद इंतजार क्यों?
कर्मचारियों का कहना है कि यदि सहायक अधीक्षक के पद रिक्त हैं और पदोन्नति के लिए पात्र कर्मचारी उपलब्ध हैं, तो विभागीय प्रक्रिया को अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखा जाना चाहिए। समय पर पदोन्नति मिलने से कर्मचारियों को न केवल आर्थिक लाभ मिलेगा, बल्कि उनके सेवा-जीवन में पदोन्नति का अधिकार और मनोबल भी मजबूत होगा।
15–20 साल की सेवा के बाद भी पदोन्नति नहीं
एक ही पद पर वर्षों तक कार्य करने वाले कर्मचारियों का कहना है कि उन्होंने राजस्व विभाग के विभिन्न कार्यालयों में पूरी जिम्मेदारी के साथ अपनी सेवाएं दी हैं। बावजूद इसके पदोन्नति के अवसर नहीं मिलने से उनके सामने कैरियर की प्रगति का रास्ता सीमित हो गया है।
कर्मचारियों का सवाल है कि यदि वर्षों की सेवा के बाद भी पदोन्नति नहीं मिलेगी, तो विभागीय पदोन्नति व्यवस्था का लाभ आखिर कब मिलेगा?
कर्मचारियों ने शासन-प्रशासन से लगाई पदोन्नति की गुहार
दुर्ग संभाग के सहायक ग्रेड-2 कर्मचारियों ने शासन एवं वरिष्ठ अधिकारियों से मांग की है कि सहायक अधीक्षक के रिक्त पदों की स्थिति स्पष्ट करते हुए पात्र कर्मचारियों की पदोन्नति की विभागीय कार्यवाही शीघ्र पूरी की जाए।
कर्मचारियों का कहना है कि पदोन्नति केवल वेतन वृद्धि का विषय नहीं है, बल्कि यह उनके लंबे सेवाकाल, अनुभव और भविष्य की सेवा सुरक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा है।
अब देखना यह है कि तीन वर्षों से लंबित पदोन्नति की फाइल कब आगे बढ़ती है और दुर्ग संभाग के वर्षों से पदोन्नति की बाट जोह रहे सहायक ग्रेड-2 कर्मचारियों को उनका हक कब मिलता है।





