
15 अगस्त पर स्कूल प्रबंधन की लापरवाही!
स्कूल को झालर लाइट व सजावट से रोशन नही किया गया,
कबीरधाम। राष्ट्रीय पर्व 15 अगस्त के मौके पर जहां पूरे जिले में सरकारी भवनों और स्कूलों को झालर लाइट व सजावट से रोशन किया गया, वहीं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कवर्धा (ग्रंथालय के पास स्थित) अंधेरे में डूबा रहा।
स्थानीय नागरिकों ने बताया कि राष्ट्रीय पर्व पर बच्चों में देशभक्ति और उत्साह जगाने के लिए सजावट व रोशनी अनिवार्य रूप से की जाती है, लेकिन इस स्कूल में न तो झालर लाइट लगाई गई, न ही भवन को सजाया गया। इससे विद्यार्थियों और अभिभावकों में नाराज़गी है।
सूत्रों के अनुसार, स्कूल की तैयारी और सजावट की जिम्मेदारी प्राचार्य व शिक्षा विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों की होती है। अब सवाल उठ रहा है कि इस लापरवाही के लिए दोषी कौन—
क्या विद्यालय प्रबंधन समिति सक्रिय नहीं रही?
क्या जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) और ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) ने निरीक्षण नहीं किया?
शिक्षा विभाग के जानकारों का कहना है कि राष्ट्रीय पर्व पर लापरवाही को गंभीर अनुशासनहीनता माना जाता है और दोषी अधिकारी-कर्मचारियों पर कार्यवाही संभव है।





